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शनिवार, 18 अप्रैल 2020

UP: निराश्रित पात्र लोगों को 1000 रुपये का भरण-पोषण भत्ता दिया जाए : सीएम योगी UP: Maintenance allowance of Rs 1000 to be given to destitute eligible people: CM Yogi

     संवाददाता, Journalist Anil Prabhakar.        UP: निराश्रित पात्र लोगों को 1000 रुपये का भरण-पोषण भत्ता दिया जाए : सीएम योगी   UP: Maintenance allowance of Rs 1000 to be given to destitute eligible people: CM Yogi         www.upviral24.in https://www.upviral24.in/2020/04/up-1000-up-maintenance-allowance-of-rs.html

शहरी और ग्रामीण इलाकों में छूटे हुए निराश्रित पात्र लोगों का युद्धस्तर पर चिन्हित करते हुए 01 हजार रु० का भरण - पोषण भत्ता दिया जाए : मुख्यमंत्री अब तक विभिन्न श्रेणी के 23 . 70 लाख श्रमिकों को राज्य सरकार ने अपने संसाधनों से 236 . 98 करोड़ रु० का भरण - पोषण भत्ता उपलब्ध कराया औद्योगिक इकाइयों के शेष कार्मिकों के वेतन का जल्द से जल्द भुगतान कराने के निर्देश अब तक 34 , 309 औद्योगिक इकाइयों से उनके कार्मिकों को  512 . 98 करोड़ रु० का वेतन भुगतान कराया गया लॉक डाउन अवधि में अनुपस्थित शिक्षण संस्थानों , चिकित्सालयों , कार्यालयों के अस्थाई कर्मचारियों , आउटसोर्सिंग कर्मियों के मानदेय में कोई कटौती न की जाए सरकारी एवं निजी अस्पतालों में इमरजेन्सी सेवाओं का संचालन स्टाफ के कोविड नियंत्रण प्रशिक्षण एवं सुरक्षा उपाय के पश्चात ही संक्रमण मुक्त हो गये जनपदों में सभी सावधानियां बरती जाएं , लॉक डाउन व्यवस्था यथावत जारी रहेगी लखनऊ : 18 अप्रैल , 2020 उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने लॉक डाउन से प्रभावित गरीब और कमजोर वर्गों को राहत पहुंचाने के लिए एक हजार रुपए प्रति लाभार्थी की दर से दिए जा रहे भरण - पोषण भत्ते के वितरण कार्य की अब तक की प्रगति पर संतोष व्यक्त किया है । उन्होंने अभियान चलाकर शेष निर्माण श्रमिकों , दिहाड़ी मजदूरों तथा निराश्रित व्यक्तियों को लाभान्वित करने के निर्देश दिए हैं । अब तक विभिन्न श्रेणी के 23 . 70 लाख श्रमिकों को राज्य सरकार ने अपने संसाधनों से कुल 236 . 98 करोड़ रुपए का भरण - पोषण भत्ता उपलब्ध कराया है ।  मुख्यमंत्री जी आज यहां लोक भवन में आहूत एक उच्चस्तरीय बैठक में लॉक डाउन व्यवस्था की समीक्षा कर रहे थे । उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा इस आपदा काल में श्रमिकों , दिहाड़ी मजदूरों , निराश्रित व्यक्तियों तथा विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना के परम्परागत कारीगरों आदि को 01 - 01 हजार रुपए की सहायता राशि के साथ - साथ खाद्यान्न उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गयी है । उन्होंने निर्देश दिए कि शहरी और ग्रामीण इलाकों में छूटे हुए निराश्रित पात्र लोगों का युद्धस्तर पर चिन्हित करते हुए सभी जरूरतमंदों को 01 हजार रुपए के भरण - पोषण भत्ते का लाभ दिया जाए । मुख्यमंत्री जी ने कहा कि कोविङ - 19 के विविध आयामों से निपटने के लिए राज्य सरकार ने शुरू से ही प्रभावी कदम उठाए । 24 मार्च , 2020 को 5 . 97 लाख पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के खाते में 01 - 01 हजार रुपए आर०टी०जी०एस० के माध्यम से हस्तांतरित किए गए । अब तक 13 . 51 लाख पंजीकृत निर्माण श्रमिकों को कुल 135 . 10 करोड़ रुपए उनके बैंक खाते में हस्तांतरित किए गए ठेला , खोमचा , रेहड़ी आदि लगाने वालों , रिक्शा , ई - रिक्शा चालक , पल्लेदार , रेलवे कुली , दिहाड़ी मजदूरों आदि के भरण - पोषण हेतु 1 , 000 रुपए की धनराशि उनके खाते में उपलब्ध कराना राज्य सरकार की एक बड़ी पहल है । नगरीय क्षेत्रों में ऐसे 5 . 82 लाख श्रमिकों को अब तक 58 . 19 करोड़ रुपए का भुगतान किया गया है । ग्रामीण क्षेत्रों में अब तक कुल 4 . 37 लाख निराश्रित व्यक्तियों को 43 . 69 करोड़ रुपए की भरण - पोषण भत्ते की धनराशि का भुगतान किया गया है । मुख्यमंत्री जी ने निर्देश दिए कि शिक्षण संस्थानों , चिकित्सालयों , कार्यालयों में काम करने वाले अस्थाई कर्मचारियों , आउटसोर्सिंग कर्मी जो लॉक डाउन अवधि के कारण कार्य स्थल पर उपस्थित नहीं हो पाए . ऐसे कार्मिकों की अनुपस्थिति अवधि के मानदेय में कोई कटौती न की जाए । निजी क्षेत्र की औद्योगिक इकाइयों में कार्यरत श्रमिकों एवं अन्य कर्मियों को भी लॉक डाउन अवधि में मानदेय अवश्य दिया जाए ।                 
बैठक में मुख्यमंत्री जी को अवगत कराया गया कि श्रमिकों को लॉक डाउन अवधि का वेतन दिलाने के लिए प्रदेश की 36 , 090 औद्योगिक इकाइयों से सम्पर्क किया गया । अब तक 34 , 309 औद्योगिक इकाइयों से उनके कार्मिकों को 512 . 98 करोड़ रुपए का वेतन भुगतान कराया गया है । मुख्यमंत्री जी ने औद्योगिक इकाइयों के शेष कार्मिकों के वेतन का जल्द से जल्द भुगतान कराने के निर्देश दिए हैं । उन्होंने निजी औद्योगिक इकाइयों एवं व्यापारिक प्रतिष्ठानों के स्वामियों से आह्वान किया कि वे इस आपदा में मानवीयता एवं संवेदना का उदाहरण प्रस्तुत करते हुए अपने कर्मियों की पूरी मदद करें । मुख्यमंत्री जी ने कहा कि प्रदेश सरकार गरीबों के हितों के प्रति संवेदनशील है । इसके तहत 30 मार्च , 2020 को 27 . 15 लाख मनरेगा श्रमिकों को देय 611 करोड़ रुपए उनके खातों में ऑनलाइन हस्तांतरित किए गए । इसी प्रकार 03 अप्रैल , 2020 को वृद्धावस्था , निराश्रित महिला , दिव्यांगजन तथा कुष्ठावस्था पेंशन के 86 . 71 लाख लाभार्थियों को दो माह की अग्निम पेंशन की कुल 871 . 48 करोड़ रुपए की धनराशि ऑनलाइन अन्तरित की गयी । मुख्यमंत्री जी ने कोविड - 19 से बचाव तथा संक्रमण के उपचार हेतु किए गये प्रबन्धों की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि इस रोग के गम्भीर मरीजों के लिए वेन्टिलेटर तथा ऑक्सीजन की व्यवस्था अवश्य सुनिश्चित की जाए । डॉक्टरों सहित सभी चिकित्सा कर्मियों के संक्रमण से बचाव के समुचित प्रबन्ध किए जाएं । पी0पी0ई0 तथा एन - 95 मास्क की सुचारु व नियमित आपूर्ति चेन बनायी रखी जाए । सरकारी एवं निजी अस्पतालों में इमरजेन्सी सेवाओं का संचालन स्टाफ के कोविड नियंत्रण प्रशिक्षण एवं सुरक्षा उपाय के पश्चात ही किया जाए । मुख्यमंत्री जी ने जिलाधिकारियों तथा मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को जनपद स्तर पर कोविड - 19 के बचाव , उपचार व नियंत्रण कार्यों का प्रभावी पर्यवेक्षण करने के निर्देश दिए हैं । उन्होंने कहा कि लॉक डाउन अवधि में कार्यो के सुचारु सम्पादन के लिए प्रत्येक जिलाधिकारी पृथक - पृथक टीम गठित करें ।
मुख्यमंत्री जी ने कम्युनिटी किचेन व्यवस्था की अद्यतन स्थिति की जानकारी प्राप्त की । उन्होंने कहा कि कोविड - 19 के संक्रमण से प्रभावित रहे प्रदेश के कुछ जनपद अब संक्रमण मुक्त हो गये हैं । इसके बावजूद वहां सभी सावधानियां बरती जाएं । इन जनपदों में लॉक डाउन व्यवस्था यथावत जारी रहेगी , इसमें कोई छूट न प्रदान की जाए । मुख्यमंत्री जी ने कहा कि अन्य राज्यों में रह रहे उत्तर प्रदेश वासियों की समस्याओं के समाधान के लिए मुख्य सचिव , केन्द्रीय गृह सचिव तथा अन्य राज्यों के मुख्य सचिवों के साथ सम्पर्क व संवाद बनाए रखें । इसके अलावा , प्रदेश सरकार द्वारा नामित नोडल अधिकारियों से नियमित फीडबैक प्राप्त किया जाए । प्रदेश में अध्ययनरत विदेशी विद्यार्थियों की समस्याओं के समाधान के लिए नामित नोडल अधिकारी इन छात्र - छात्राओं के सम्पर्क में रहते हुए इनकी कुशल - क्षेम से सम्बन्धित दूतावास को अवगत कराते रहें । मुख्यमंत्री जी ने कहा कि बाहर से आये लोगों के बारे में जिस स्थान पर जानकारी प्राप्त हो , ऐसे लोगों को वहीं क्वारंटीन किया जाए । हॉट स्पॉट क्षेत्र में यदि कोई मण्डी है तो उसे तत्काल शिफ्ट करें । मण्डियों के संचालन की रणनीति स्थानीय स्तर पर जिलाधिकारी , पुलिस एवं मण्डी के अधिकारियों द्वारा तय की जाए । मण्डियों के संचालन में सोशल डिस्टैंसिंग का पालन किया जाए । इस अवसर पर मुख्य सचिव श्री आर0के0 तिवारी , कृषि उत्पादन आयुक्त श्री आलोक सिन्हा , अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास आयुक्त श्री आलोक टण्डन . अपर मुख्य सचिव सूचना एवं गृह श्री अवनीश कुमार अवस्थी , अपर मुख्य सचिव वित्त श्री संजीव कुमार मित्तल , अपर मुख्य सचिव राजस्व श्रीमती रेणुका कुमार , पुलिस महानिदेशक श्री हितेश सी० अवस्थी , प्रमुख सचिव चिकित्सा शिक्षा डॉ० रजनीश दुबे , प्रमुख सचिव स्वास्थ्य श्री अमित मोहन प्रसाद , प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री श्री एस०पी० गोयल एवं श्री संजय प्रसाद , सूचना निदेशक श्री शिशिर सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे ।

In the urban and rural areas, the depressed eligible people should be given a maintenance allowance of Rs. 01 thousand by marking them on the war footing: Chief Minister 23 so far in various categories. 706 workers to the state government by its own resources 236. Provided maintenance allowance of Rs. 98 crores. Instructions for payment of salaries of remaining workers of industrial units at the earliest so far. 512 from 34, 309 industrial units to their personnel. 98 crores salary was paid; No deduction should be made in the honorarium of absentee institutions, hospitals, temporary employees of offices, outsourcing personnel in the lock-down period. All precautions should be taken in the districts that have become infection-free only after the lockdown. The situation will continue as it is in Lucknow: April 18, 2020, Uttar Pradesh Chief Minister Yogi Adityanath Ji undertook distribution work of maintenance allowance at the rate of one thousand rupees per beneficiary to provide relief to the poor and weaker sections affected by lock-down. Have expressed satisfaction on the progress so far. He has directed to benefit the remaining construction workers, daily laborers and destitute persons by campaigning. 23 of various categories so far. The state government, with its resources to 70 lakh workers, total 236. 98 crore has been provided as a maintenance allowance. The Chief Minister was reviewing the lock-down system at a high-level meeting convened at Lok Bhawan here today. He said that the state government has made arrangements to provide food grains along with assistance amounting to Rs. 01 thousand each to the laborers, daily wage laborers, destitute persons and traditional artisans of Vishwakarma Shram Samman Yojana. He directed that all the needy should be given the benefit of maintenance allowance of Rs.1000, marking the destitute eligible people left in urban and rural areas on a war footing. The Chief Minister said that the state government took effective steps from the beginning to deal with the diverse dimensions of Kov-19. On 24 March 2020 5. In the account of 97 lakh registered construction workers, 01 - 01 thousand rupees were transferred through RTGS. 13 so far Total 51 to 51 lakh registered construction workers. Providing funds of Rs.1,000 to their account for the maintenance of 10 crore rupees transferred to their bank account, carts, khomcha, hawkers, rickshaws, e-rickshaw drivers, pulldars, railway porter, daily laborers etc. This is a major initiative of the state government. 5 such in urban areas. 82 lakh workers so far 58. 19 crore rupees have been paid. Total 4 in rural areas so far. 37 lakh destitute persons 43. An amount of maintenance allowance of 69 crore rupees has been paid. The Chief Minister directed that temporary employees working in educational institutions, hospitals, offices, outsourcing workers who could not attend the workplace due to the lockdown period. No deduction should be made in the honorarium of the absence period of such personnel. Workers and other workers working in private sector industrial units must also be given honorarium in the lockdown period.In the meeting, the Chief Minister was apprised that 36,090 industrial units were contacted in the state for providing lock-down wages to the workers. So far 512 of their personnel from 34, 309 industrial units. A salary payment of Rs 98 crore has been made. The Chief Minister has instructed to pay the salaries of the remaining personnel of the industrial units as soon as possible. He called upon the owners of private industrial units and business establishments to help their workers in this disaster by presenting examples of humanitarianism and compassion. The Chief Minister said that the State Government is sensitive towards the interests of the poor. Under this, 27 on 30 March 2020. 611 crore rupees payable to 15 lakh MNREGA workers were transferred online to their accounts. Similarly, on 03 April 2020, 86 of old age, destitute women, PwD and leprosy pension. A total of 871 two-month fire pension to 71 lakh beneficiaries. An amount of 48 crore rupees was transferred online. The Chief Minister reviewed the arrangements made for prevention and treatment of infection from Kovid-19 and directed that the system of ventilators and oxygen must be ensured for the serious patients of this disease. Proper arrangements should be made to prevent infection of all medical personnel including doctors. A smooth and regular supply chain of PPE and N-95 masks should be maintained. Emergency services in government and private hospitals should be conducted only after the staff's Kovid control training and security measures. The Chief Minister has instructed the District Magistrates and Chief Medical Officers to effectively supervise the rescue, treatment and control works of covid-19 at the district level. He said that for the smooth execution of the works in the lockdown period, each District Magistrate should set up separate teams.
The Chief Minister received information about the latest status of the community kitchen system. He said that some districts of the state affected by the infection of Kovid-19 have now become infection-free. Despite this, all precautions should be taken there. The lock-down system will continue in these districts, no relaxation should be provided. The Chief Minister said that to solve the problems of the people of Uttar Pradesh living in other states, maintain contact and dialogue with the Chief Secretary, Central Home Secretary and Chief Secretaries of other states. In addition, regular feedback should be obtained from the state government nominated nodal officers. Nodal officers nominated to solve the problems of foreign students studying in the state should be kept in touch with these students and keep them informed about their skills. The Chief Minister said that such places should be quarantined at the place where information is received about people from outside. If there is any market in the hot spot area, shift it immediately. The strategy of operation of the mandis should be decided by the District Magistrate, Police and Mandi officials at the local level. Social distancing should be followed in the operation of mandis. On this occasion, Chief Secretary RK Tiwari, Agriculture Production Commissioner Shri Alok Sinha, Infrastructure and Industrial Development Commissioner Shri Alok Tandon. Additional Chief Secretary Information and Home Mr. Avnish Kumar Awasthi, Additional Chief Secretary Finance Mr. Sanjeev Kumar Mittal, Additional Chief Secretary Revenue Mrs. Renuka Kumar, Director General of Police Mr. Hitesh C. Awasthi, Principal Secretary Medical Education Dr. Rajnish Dubey, Principal Secretary Health Mr. Amit Mohan Prasad. , Principal Secretary Chief Minister Shri SP Goel and Shri Sanjay Prasad, Director of Information Shri Shishir and other senior officers. adhikhari was present.





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